भीम रूपी मस्तिष्क
करे केवल गज का नाश
दुखी है तन परन्तु
लेकर अश्वथामा का नाम
आत्मा करे परमात्मा से
औ तन का तन से मोहपाश
कर्म बीज बोये केवल करने
अंकुरित फसल रूपी परिणाम
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