मेरी रूह में तेरी ख़ुशबू क्या घुली,
दिल ने मेरे सांस लेना छोड़ दिया
कायनात क्या फ़िज़ूल नाचीज़ है
मैंने तुझे अपने रब से जोड़ दिया
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